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पर्दाफाश

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*📕घोटाला📕सरकार बदलते ही प्रबन्धको के चेहरे पर बजे 12…घोटालेबाजो को पोल खुलने का मंडराया खतरा

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*📕घोटाला📕सरकार बदलते ही प्रबन्धको के चेहरे पर बजे 12*
*📕पर्दाफ़ाश ऑनलाइन न्यूज*
*🎯✒️🎯आरती वैष्णव-एडिटर इन चीफ*


छत्तीसगढ़ में सरकार बदलते ही धान खरीदी केंद्रों के प्रबन्धको के माथे में चिंता की लकीर दिखने लगी है। कांग्रेस नेताओं के साथ सांठगांठ करके धान खरीदी केंद्र एवं बीज निगम में एक ही किसान के रकबा खसरा को अलग अलग नामो से धान बिक्री करके राज्य सरकार को चुना लगाने का कार्य किया था।
कांग्रेस के युवराज राहुल गांधी के खरसिया आगमन पर नन्देली हाउस से भिड़ इक्कट्ठा करने का जिम्मा प्रबन्धको को सौंपा गया था। प्रबन्धको को अपने अपने क्षेत्र में 1-1 सेक्टर में आर्थिक मैनेजमेंट का कार्य भी सौंपा गया था। बदले में प्रबन्धको द्वारा अपने अपने क्षेत्र में जमकर शराब-मुर्गा-बकरा का वितरण किया गया। बदले में उक्त प्रबन्धको के द्वारा किसानों के खाते से डबल ऋण का आहरण किया गया था। कर्ज माफी में प्रबंधकों के द्वारा 80 लाख से 1 करोड़ रु तक आर्थिक लाभ उठाने के उद्देश्य से किसानों के नाम से फर्जी ऋण आहरण किया था। अब जबकि सरकार बदल गई है। प्रबंधकों द्वारा ऋण ली गई राशि का अधिकतम हिस्सा ऐसो आराम में खर्च कर दिया था । तो लाखों रु कांग्रेस के प्रत्यासी चन्दा दिया था। अब सरकार बदलते एवँ नीति बदलते ही प्रबन्धको के चेहरे में 12 बज गया है।

चपले के प्रबंधक गेंदलाल श्रीवास एवं मुरा के प्रबंधक भानु पटेल का कांग्रेस के पक्ष में  चुनाव प्रचार करते फ़ोटो वीडियो भी वायरल हुआ था।

 

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